इंद्रानगर कांड पर भड़का जनाक्रोश: पुलिस को 72 घंटे का अल्टीमेटम, नहीं तो सड़कों पर होगा निर्णायक संग्राम

कटनी। इंद्रानगर विवाह समारोह को लेकर अब मामला बेहद गंभीर हो गया है। शादी के आयोजन के दौरान बारातियों, महिलाओं और बच्चों पर कथित रूप से लाठीचार्ज और बर्बरता के कारण पूरे जिले में नाराजगी फैल गई है। पीड़ितों और सामाजिक संगठनों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ एक संयुक्त मोर्चा बनाते हुए 72 घंटे का अल्टीमेटम जारी कर दिया है।

उन्होंने
स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि इस निर्दिष्ट समय सीमा में दोषी पुलिसकर्मियों और सिविल ड्रेस में शामिल हमलावरों पर रिपोर्ट दर्ज नहीं की गई, तो कटनी में एक बड़ा जन आंदोलन होगा, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी पुलिस प्रशासन की होगी। यह आरोप लगाया गया है कि इंद्रानगर में चल रहे विवाह समारोह में पुलिस ने बिना किसी उचित कारण के छापा मारा और बारातियों पर लाठियाँ चलाईं। इस दौरान पुरूषों के साथ-साथ महिलाओं, बच्चों और वृद्धों को भी नहीं छोड़ा गया। कई लोग घायल हुए और कई को अस्पताल में भर्ती कराया गया।

जिस
परिवार में खुशी का माहौल था, वहां चीखें उठने लगीं। जिले भर के लोगों के बीच यह सवाल चर्चा का विषय बन गया है कि क्या विवाह समारोह भी अब एक अपराध बन गया है?



SC/ST एक्ट के तहत मामला दर्ज करने की मांग
गुस्साए
नागरिकों ने इस घटना में शामिल सभी पुलिसकर्मियों के खिलाफ तुरंत SC/ST एक्ट, मारपीट और मानवाधिकार उल्लंघन के आरोपों के तहत कार्रवाई करने की मांग की है। इसके अलावा, सिविल ड्रेस में शामिल हमलावरों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने का आग्रह भी किया गया है।

27 अप्रैल को होगा निर्णायक प्रदर्शन
ज्ञापन
में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि यदि 26 अप्रैल तक न्याय नहीं मिलता है, तो 27 अप्रैल को दोपहर 3 बजे जिला मुख्यालय पर कड़ा धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। इस आंदोलन में सामाजिक संगठनों और आम जनता की बड़ी संख्या में भागीदारी का कार्यक्रम तैयार किया गया है।

पुलिस
प्रशासन पर उठ रहे सवाल
इस
घटना के पश्चात अब पुलिस की भूमिका पर गंभीर संदेह उत्पन्न हो गए हैं। क्या दोषियों को बचाने की कोशिश की जा रही है? क्या सिर्फ कुछ पुलिसकर्मियों को लाइन से हटाकर इस मामले को ठंडा करने की कोशिश की जा रही है? जनता जवाब चाहती है।

अब
प्रशासन पर है जिम्मेदारी
इंद्रानगर
मामला अब प्रशासन के लिए एक बड़ी परीक्षा बन चुका है। या तो दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी, या फिर कटनी में लोग सड़कों पर उतरकर अपना गुस्सा प्रकट करेंगे।

रक्षक ही बने भक्षक कटनी में बारातियों को पीटा

कटनी जनता की सुरक्षा का दावा करने वाली पुलिस का असली रूप सोमवार की रात सामने आया। जब सुरक्षा देने वाले ही हिंसक होकर बारातियों पर बर्बरतापूर्वक लाठियां बरसाने लगे। सीताराम वर्मा, जिनके पिता का नाम रतन लाल वर्मा है और जो ग्राम अमदरा, जिला मैहर के निवासी हैं, ने 20 अप्रैल 2026 को बारात के लिए मध्य रात्रि 1:30 बजे अमदरा से इंदिरा नगर कटनी की ओर प्रस्थान किया। बारातियों के साथ बस रात 10 बजे गल्ला मंडी के निकट पहुंच गई और दूल्हा जिस वाहन में आ रहा था, वह रास्ते में खराब हो गया, जिससे वह लगभग 2 घंटे की देरी से 12 बजे के पास पहुंचा और तब बारात का आगमन हुआ। बताया गया कि गल्ला मंडी से दुल्हन के घर की दूरी आधा किलोमीटर है, और बारात धैर्यपूर्वक लड़की के घर की ओर बढ़ रही थी। वे केवल 50 मीटर दूर थे, जब इंदिरा नगर चौराहा, जो दुल्हन के घर से 50 मीटर की दूरी पर है, पर बारात रुकी हुई थी और वहां से आगे बढ़ने की तैयारी कर रही थी। तभी कुठला थाना की पुलिस ने 112 और थाने की जीप के साथ चौराहे पर पहुंचकर बारातियों को धक्का देना शुरू कर दिया जबकि डीजे बज रहा था और बराती शांति के साथ आगे बढ़ रहे थे। बार-बार धक्का देने पर जब बारातियों ने विरोध किया, तो पुलिस ने लाठियों से उन पर हमला शुरू कर दिया।

कुछ बारातियों को मारने के बाद, बारात पुलिस पर भारी पड़ने लगी, जहां बारातियों ने पुलिस से शिकायत की कि यदि कोई गलती है या समस्या है तो बताएं, लेकिन पुलिस ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी और मारपीट करती रही। जब बारात के लोग उग्र हो गए, तब पुलिस अपनी गाड़ी लेकर थाने चली गई। बाराती तब लड़की के घर पहुंच गए और भोजन का आयोजन प्रारंभ हुआ। अचानक, कुठला थाना की पुलिस 10-12 लोगों के साथ डंडों से फिर से मारपीट करने लगी। जब बीचबचाव के प्रयास किए गए, तो पुलिस ने कहकर लाठीचार्ज किया कि यह सब गलत है। इस हमले के दौरान महिलाओं और बच्चों पर भी क्रूरता से हमले किए गए। बेंडर में कुछ का सिर फटा तो कुछ का हाथ टूट गया। घराती और बराती दोनों एक साथ शामिल थे, जबकि दुल्हन के भाई और मां को निर्दयतापूर्वक पीटा गया, जिससे उनके हाथ में फ्रैक्चर हो गया।

रात लगभग 2:30 बजे दूल्हा और उसके छोटे भाई तथा चाचा के साथ भी बुरी तरह मारपीट की गई और दुल्हन और उसके भाई को थाने के नाम पर कहीं और ले जाया गया, जिससे शादी रुक गई। 21 को सुबह 4 बजे तीनों को रिहा किया गया और दुल्हन के भाई आकाश चौधरी, जिनके पिता का नाम परसदी लाल चौधरी है, तथा छोटे भाई राहुल चौधरी पर रात 5 बजे अवैध रूप से रिपोर्ट दर्ज कर दी गई। रात 3 बजे एंबुलेंस की मदद से पीड़ितों की संख्या 14 थी, जिन्हें सिविक अस्पताल कटनी ले जाया गया। एंबुलेंस में जगह न होने के कारण कुछ लोगों को ले जाया गया। फिर अस्पताल में डॉक्टर ने 8 लोगों का उपचार किया।

राहुल भैया ने कार्यकर्ताओं को दिया ‘संगठन मजबूती’ का मंत्र

कटनी। राजनीतिक चुनौतियों और चुनावी तैयारी को ध्यान में रखते हुए, आज कटनी पहुंचे प्रमुख कांग्रेस नेता और पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ‘राहुल भैया’ ने संगठन की मजबूती पर जोर दिया। आस्था प्लाजा में स्थित जिला कांग्रेस कार्यालय में आयोजित बैठक पूरी तरह से पार्टी की आंतरिक संरचना को सुदृढ़ करने और कार्यकर्ताओं में नई प्रेरणा डालने पर केंद्रित थी।

बूथ
स्तर पर संगठन को सक्रिय बनाने पर चर्चा
बैठक
में अजय सिंह ने बताया कि किसी भी पार्टी की वास्तविक ताकत उसके स्थानीय कार्यकर्ता होते हैं। उन्होंने जिला और शहर इकाई के अधिकारियों के साथ बातचीत करते हुए कहा कि भविष्य में पार्टी को हर स्तर पर सक्रिय होना आवश्यक है। इस बैठक में मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदुओं पर विचार विमर्श किया गया:
संगठनात्मक क्रियाकलाप: वार्ड और ग्राम स्तर पर समितियों का पुनर्गठन और उनकी गतिविधियों की समीक्षा की गई।
रणनीतिक योजना: भविष्य के राजनीतिक कार्यक्रमों को लोगों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के लिए एक विस्तृत कार्ययोजना बनाई गई।
कार्यकर्ता संवाद: वरिष्ठ नेताओं ने कहा कि अनुभव और युवा ऊर्जा के समन्वय से ही संगठन को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया जा सकता है।

चाका
बायपास पर एकजुटता का संकेत
इससे
पहले, कटनी पहुंचने पर चाका बायपास पर जिला कांग्रेस अध्यक्ष और पूर्व विधायक सौरभ सिंह तथा शहर अध्यक्ष अमित शुक्ला के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने राहुल भैया का गर्मजोशी से स्वागत किया। इस स्वागत समारोह को संगठन की एकता का प्रतीक माना जा रहा है।

वरिष्ठ
नेताओं का अनुभव और नई रणनीति
बैठक
के बाद, अजय सिंह ने जिले के पुरानी और वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं के घर जाकर उनसे मुलाकात की। पार्टी के अधिकारियों के अनुसार, वरिष्ठों के दिशा निर्देश में संगठन को सशक्त बनाने की यह योजना भविष्य में बहुत महत्वपूर्ण साबित होगी। इस दौरान जिले के कई पदाधिकारी और बड़ी संख्या में सक्रिय कार्यकर्ता भी उपस्थित थे।

कटनी पुलिस की ‘शैडो एरिया’ पर पैनी नजर: SP और ASP ने खुद संभाली कमान, सघन चेकिंग से अपराधियों में हड़कंप

कटनी | जिले में अपराधों को रोकने और कानून व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए कटनी पुलिस अब ‘एक्शन मोड’ में सक्रिय दिख रही है। पुलिस अधीक्षक श्री अभिनय विश्वकर्मा की अगुवाई में, जिले के पहचाने गए ‘शैडो एरिया’ (अपराध-प्रवण और एकांत स्थान) पर एक विशेष निगरानी अभियान की शुरुआत की गई है। सोमवार को, एसपी और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ASP) डॉ. संतोष डेहरिया ने सुरक्षा व्यवस्थाओं का निरीक्षण करने के लिए अचानक दौरा किया।

उच्च
अधिकारी मैदान में
पुलिस
अधीक्षक श्री अभिनय विश्वकर्मा ने कुठला थाना क्षेत्र के संवेदनशील स्थानों जैसे चमड़ा गोदाम, इंदिरा नगर, पन्नी कॉलोनी, ट्रांसपोर्ट नगर और लमतड़ा ओवर ब्रिज सहित कई ‘शैडो एरिया’ का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने मैदान पर मौजूद अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी संदिग्ध गतिविधि को नजरअंदाज किया जाए।
इसके
अलावा, एएसपी डॉ. संतोष डेहरिया ने माधव नगर क्षेत्र में स्थित अमकुही पहाड़ी, एसीसी, बंगला लाइन और अमीरगंज जैसे इलाकों में गश्ती दल को सतर्क रहने का आदेश दिया।

वाहनों
पर चला शिकंजा: ₹22,900 का वसूला गया जुर्माना
चेकिंग
अभियान के दौरान यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की गई।
कुल
चेकिंग: 125 से अधिक वाहनों की गहन तलाशी की गई।
चालानी
कार्यवाही: हेलमेट नहीं पहनने, तीन सवारियों और नशे में गाड़ी चलाने वाले 42 वाहनों पर मोटर व्हीकल एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
जुर्माना:
सभी उल्लंघनकर्ताओं से कुल 22,900 रुपये का जुर्माना वसूला गया।

अवैध
गतिविधियों पर पुलिस का ‘सर्जिकल’ कार्रवाई
थाना
प्रभारी कुठला राजेंद्र मिश्रा और माधव नगर थाना प्रभारी संजय दुबे की अगुवाई में पुलिस की टीमों ने होटलों, लॉज और संदिग्ध ठिकानों की व्यापक जांच की। पुलिस का उद्देश्य अपराधियों के बीच भय पैदा करना और आम जनता को सुरक्षित वातावरण मुहैया कराना है।

स्वच्छता ​स्वच्छ सर्वेक्षण में अव्वल आने को कटनी निगम ने कसी कमर, दो शिफ्टों में हो रही सफाई

कटनी। स्वच्छ सर्वेक्षण के अंतर्गत शहर की रैंकिंग को सुधारने के लिए नगर पालिक निगम कटनी ने कई महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। निगम प्रशासन अब शहर की सफाई को सुनिश्चित करने के लिए दो पालियों में कार्य कर रहा है।
सड़कों
पर धूल की मात्रा कम करने के लिए रोड स्वीपिंग मशीन का प्रयोग किया जा रहा है, इसके साथ ही नोडल अधिकारी हर दिन सुबह वार्डों का आकस्मिक निरीक्षण कर रहे हैं। सोमवार को पंडित दीनदयाल उपाध्याय वार्ड में विशेष जागरूकता अभियान के माध्यम से नागरिकों को सूखी और गीली कचरे को अलग करने की जानकारी प्रदान की गई।
नियम
उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई: निगम ने सार्वजनिक स्थानों पर गंदगी फैलाने वाले व्यक्तियों के खिलाफ अभियान चलाकर 4400 रुपये का स्पॉट फाइन वसूला है। इसके साथ ही जन स्वास्थ्य की देखभाल के लिए शाम के समय फॉगिंग और सुबह कीटनाशकों का छिड़काव किया जा रहा है। यातायात को सुचारू बनाने के लिए घुमंतू मवेशियों को पकड़ने का अभियान भी निरंतर जारी है।

जल
बर्बादी पर निगम की कड़ी नजर; अभियान के तहत अब तक 434 पाइपलाइन लीक को ठीक किया गया
कटनी।
‘जल संरक्षण और संवर्धन अभियान’ के तहत नगर निगम कटनी शहर में हर बूंद पानी की बचत के लिए सख्त कदम उठा रहा है। 19 मार्च से आरंभ हुए इस विशेष अभियान के अंतर्गत निगम की टीमों ने अब तक शहर के विभिन्न स्थानों पर 434 लीक को चिन्हित करके उन्हें ठीक किया है।
कार्यपालन
यंत्री श्री सुधीर मिश्रा ने बताया कि विशेष टीमें वार्डों में सक्रिय हैं जो क्षतिग्रस्त पाइपलाइनों की पहचान कर तात्कालिक मरम्मत कर रही हैं। निगम ने नागरिकों से आग्रह किया है कि वे जल अपव्यय की जानकारी शीघ्र कार्यालय को दें, जिससे तुरंत कार्रवाई की जा सके।

पालतू
पशुओं का पंजीकरण
सावधान!
यदि बिना पंजीकरण पालतू कुत्ता रखा तो जुर्माना होगा, निगम ने प्रक्रिया शुरू की
कटनी।
नगर पालिक निगम अधिनियम के तहत कटनी शहर में पालतू कुत्तों का पंजीकरण अब अनिवार्य कर दिया गया है। अब तक शहर के 18 कुत्ता मालिकों ने अपना पंजीकरण करा लिया है।
स्वास्थ्य
अधिकारी श्री संजय सोनी ने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य रेबीज जैसी बीमारियों की रोकथाम करना और जन सुरक्षा को सुनिश्चित करना है।
पंजीकरण
की प्रक्रिया: आवेदन पत्र स्वास्थ्य विभाग (कमरा क्रमांक 66) या वार्ड दरोगा से प्राप्त किया जा सकता है।
शुल्क:
वार्षिक शुल्क केवल 150 रुपये है।
आवश्यक
दस्तावेज: कुत्ते का चित्र, टीकाकरण कार्ड और निवास प्रमाण पत्र।
निगम
ने स्पष्ट किया है कि बिना पंजीकरण कुत्ता रखने वालों पर नियमों के अनुरूप जुर्माना लगाया जाएगा।

जनगणना
प्रशिक्षण
जनगणना
2027: कटनी में प्रगणकों और पर्यवेक्षकों के लिए मकान सूचीकरण का प्रशिक्षण दिया गया
कटनी।
भारत सरकार द्वारा प्रस्तावित जनगणना 2027 की तैयारी के लिए कटनी में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित हो रहा है। सोमवार को नालंदा कॉमर्स कॉलेज में दूसरे दिन का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
इस
सत्र में जोन नंबर 2 (वार्ड 16 से 30) के 188 कर्मचारियों को मास्टर ट्रेनरों द्वारा प्रशिक्षण प्रदान किया गया। राजस्व अधिकारी श्री जागेश्वर प्रसाद पाठक ने कहा कि कर्मचारियों को घरों की नंबरिंग, निर्माण सामग्री का विवरण और परिवार के सदस्यों की जानकारी इकट्ठा करने की तकनीकी विधियाँ सिखाई गईं। इस समय आत्म-गणना संदर्भ आईडी के उपयोग पर भी विस्तार से जानकारी दी गई।

संगठन सृजन अभियान की समीक्षा में कई दिग्गज फेल, दर्जनभर जिलाध्यक्ष बदलने की तैयारी

भोपाल, / मध्यप्रदेश में कांग्रेस के संगठनात्मक सृजन अभियान के तहत नियुक्त जिलाध्यक्षों के कार्यों की जांच के बाद पार्टी में बड़े बदलावों के संकेत मिल रहे हैं। पार्टी के सूत्रों के अनुसार कई जिलाध्यक्ष अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने में असफल रहे हैं, जिसके कारण लगभग एक दर्जन जिलाध्यक्षों को बदलने की प्रक्रिया प्रारंभ की जा रही है।

सूत्रों
से जानकारी मिली है कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा स्थापित संगठन सृजन अभियान के तहत प्रदेश में नई नियुक्तियाँ की गई थी। अब अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी द्वारा मध्यप्रदेश के लिए भेजे गए पर्यवेक्षक वामसी रेड्डी ने जिलाध्यक्षों की गतिविधियों की गहन समीक्षा की है।

रिपोर्ट
में लगभग 12 जिलाध्यक्षों का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं पाया गया है। यह रिपोर्ट प्रदेश कांग्रेस कमेटी के माध्यम से राष्ट्रीय नेतृत्व के पास भेजी जाएगी। उच्चाधिकारियों की स्वीकृति मिलने के उपरांत कमजोर प्रदर्शन करने वाले जिलाध्यक्षों को हटाया जा सकता है।

पार्टी
के सूत्रों के अनुसार जिन जिलाध्यक्षों का प्रदर्शन कमजोर रहा है, उनमें कुछ अनुभवी नेता भी शामिल हैं। डिंडोरी के जिलाध्यक्ष ओमकार सिंह मरकाम, सतना के विधायक एवं जिलाध्यक्ष सिद्धार्थ कुशवाह, और मंडला के जिलाध्यक्ष डॉ अशोक मर्सकोले जैसे नाम प्रमुखता से चर्चा में हैं।

इंदौर
शहर कांग्रेस के अध्यक्ष चिंटू चौकसे के कुछ निर्णयों और शीर्ष नेतृत्व से बिना चर्चा के दिए गए बयानों को लेकर भी संगठन में असंतोष जताया जा रहा है।

यह
ध्यान देने योग्य है कि जून 2025 में भोपाल में संगठन सृजन अभियान की शुरुआत के बाद लगभग दो महीने तक चर्चाएं और बैठकें हुई थीं, जिसके परिणामस्वरूप प्रदेशभर में जिलाध्यक्षों की नियुक्ति की गई थी। अब आठ महीने बाद प्रदर्शन की समीक्षा के आधार पर संगठनात्मक बदलाव की संभावना बढ़ गई है।

जिला बदर की कार्यवाही 6 माह की अवधि के लिए किया जिले की राजस्‍व सीमाओं से निष्‍कासित

कटनी – कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री आशीष तिवारी ने रामनिवास सिंह वार्ड थाना रंगनाथ कटनी में निवासी शिशिर सिंह, जो गणेश सिंह के पुत्र हैं, उम्र 33 वर्ष, के खिलाफ मध्यप्रदेश राज्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्यवाही करते हुए 24 घंटे के भीतर उसे अगले 6 महीनों के लिए जिले की राजस्व सीमाओं से बाहर जाने का आदेश जारी किया है। कलेक्टर श्री तिवारी ने जिला बदर की प्रक्रिया पुलिस अधीक्षक से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर की है।

शिशिर
सिंह एक लगातार अपराध करने वाले व्यक्ति हैं। इनके खिलाफ अब तक हत्या के प्रयास, गाली-गलौज, मारपीट, सामान्य लोगों को गंभीर चोट पहुँचाना एवं जातिगत अपमान करने के लिए कुल 6 आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस ने शिशिर के खिलाफ कई बार वैधानिक और निषेधात्मक कार्रवाइयाँ की हैं, लेकिन फिर भी इस आदतन अपराधी के आचरण में कोई सुधार नहीं दिखाई दिया।

आपराधिक
गतिविधियों के लगातार जारी रहने, आम नागरिकों के लिए आतंक का प्रतीक बनने के कारण क्षेत्र में शांति और सार्वजनिक सुरक्षा पर हो रहे प्रतिकूल प्रभाव को देखते हुए, कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री तिवारी ने आदतन अपराधी शिशिर सिंह को 24 घंटे के भीतर कटनी जिले की राजस्व सीमाओं और आस-पास के जबलपुर, मैहर, दमोह, पन्ना एवं उमरिया जिले की राजस्व सीमाओं से 6 महीने की अवधि के लिए बाहर जाने का आदेश दिया है।

कुठला पुलिस को “ऑपरेशन मुस्कान” के तहत मिली सफलता गुमशुदा बालिका को किया दस्तयाब

कुठला पुलिस ने “ऑपरेशन मुस्कान” के तहत गुमशुदा लड़की को सफलतापूर्वक खोजा

तारीख
20/04/2026
घटना
का संक्षिप्त विवरण: पुलिस मुख्यालय द्वारा चलाए जा रहे “ऑपरेशन मुस्कान” के निमित्त पुलिस अधीक्षक कटनी, श्री अभिनय विश्वकर्मा (भा0पु0से0) ने अपहरण किए गए बच्चों की खोज में कार्रवाई हेतु निर्देश जारी किए हैं। इस दिशा में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉक्टर संतोष डेहरिया और नगर पुलिस अधीक्षक श्रीमति नेहा पच्चीसिया के मार्गदर्शन में, थाना प्रभारी कुठला निरीक्षक राजेन्द्र मिश्र के नेतृत्व में दिनांक 23/12/2025 को दर्ज किए गए गुमशुदा रिपोर्ट के मामले में कुठला पुलिस ने ऑपरेशन मुस्कान के तहत लापता नाबालिग लड़की को खोज निकाला। लड़की को सुरक्षित रूप से उसके परिवार के सदस्यों को सौंपा गया। लड़की की बरामदगी पर उसके परिवार ने कुठला पुलिस की गतिविधियों की प्रशंसा की है।
पुलिस
कार्रवाई में महत्वपूर्ण भूमिका: निरीक्षक राजेन्द्र मिश्र के मार्गदर्शन में, उप निरीक्षक सौरभ सोनी, महिला प्रधान आरक्षक सविता तिवारी और अन्य स्टाफ ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

अक्षय तृतीया पर प्रशासन की सख्ती: कटनी में 3 बाल विवाह समय रहते रुकवाए

कटनी। अक्षय तृतीया के अबूझ मुहूर्त पर बाल विवाह को रोकने के लिए जिला प्रशासन पूरी तैयारी में था। कलेक्टर आशीष तिवारी के निर्देश पर बनाए गए कोर ग्रुप की सक्रियता के कारण कटनी शहर में 1 और ढीमरखेड़ा क्षेत्र में 2 बाल विवाहों को समय पर रोक दिया गया।

प्राप्त
जानकारी के अनुसार, गुप्त सूचना मिलने के बाद प्रशासनिक और पुलिस टीम तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और तीनों स्थानों पर हो रहे बाल विवाह को रोकते हुए परिवार को सख्त चेतावनी दी। अधिकारियों ने बताया कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के अनुसार, यह एक दंडनीय अपराध है।

मजबूत
योजना से मिली सफलता

कलेक्टर
के निर्देश पर इस वर्ष बाल विवाह की रोकथाम के लिए एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार की गई थी। एसडीएम की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कोर टीम का गठन किया गया, साथ ही जिला और विकासखंड स्तर पर एक कंट्रोल रूम स्थापित किया गया ताकि निगरानी तंत्र को मजबूती दी जा सके। इसी सक्रियता के कारण समय पर कार्रवाई संभव हो पाई।

कटनी
शहर में संयुक्त टीम की कार्रवाई

कटनी
के आधार कॉलोनी में एक 18 वर्ष से कम उम्र की बालिका का विवाह होने वाला था। सूचना मिलते ही महिला एवं बाल विकास विभाग और कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम तुरंत वहां पहुंची। जांच में बालिका की उम्र 16 वर्ष और बालक की उम्र 22 वर्ष पाई गई। टीम ने परिवार, बारातियों, और आयोजन से जुड़े अन्य लोगों को कानून की जानकारी देते हुए विवाह रुकवाया। समझाने के बाद परिवार ने सहमति दी कि बालिका के बड़े होने के बाद ही विवाह करेंगे।

ढीमरखेड़ा
में दो बाल विवाह पर रोक

विकासखंड
ढीमरखेड़ा के ग्राम संकुई में दो नाबालिग बालकों के विवाह की तैयारी चल रही थी। टीम ने मौके पर पहुंचकर देखा कि दोनों बालक 21 वर्ष से कम उम्र के हैं। अधिकारियों ने परिवार को समझाया कि 21 वर्ष से कम उम्र में विवाह करना कानून के खिलाफ है। मौके पर पंचनामा तैयार किया गया और परिवार ने बालकों के वैधानिक आयु पूरी होने के बाद ही विवाह करने पर सहमति दी।

प्रशासन
की अपील

जिला
प्रशासन ने नागरिकों से निवेदन किया है कि वे बाल विवाह जैसी सामाजिक बुराई को खत्म करने में सहयोग करें और ऐसी किसी भी सूचना को तुरंत प्रशासन तक पहुंचाएं, ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।

5वीं के छात्र की गला रेतकर हत्या, घर के अंदर ड्रम में मिला शव

मध्य प्रदेश के सतना जिले से एक हैरतअंगेज घटना सामने आई है। सोमवार को कोलगवां थाना क्षेत्र के बैंक कॉलोनी में एक 5वीं कक्षा के छात्र की धारदार वस्तु से गला रेतकर बेरहमी से हत्या कर दी गई। अपराधी ने कार्रवाई के बाद शव को घर के अंदर एक नीले प्लास्टिक ड्रम में छिपा दिया। मृतक की पहचान शिवराज रंजक के रूप में हुई, जो सभापुर थाना क्षेत्र के नयागांव का निवासी था। वह ‘जीनियस हायर सेकेंडरी स्कूल’ में 5वीं कक्षा का छात्र था। शिवराज का परिवार पिछले 15 महीनों से बैंक कॉलोनी में प्रिया नर्सरी के निकट एक किराए के घर में निवास कर रहा था।

परिवार
वालों ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई
घटना
के समय शिवराज घर में अकेला था। उसके पिता रमेश रंजक गांव गए हुए थे, और उसकी मां दूसरों के घरों में खाना बनाने का कार्य करने गई थी। जब मां लगभग 1:00 बजे काम से लौटी, तो उसने घर के दरवाजे पर ताला लटका देखा और घबरा गई। काफी प्रयास और खोजबीन के बाद जब शिवराज का कहीं पता नहीं चला, तो परिवार ने कोलगवां थाना में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई।

शिकायत
प्राप्त होने के बाद पुलिस छात्र की खोज में उसके घर पहुंची और दरवाजा तोड़कर अंदर गई, तो वहां का दृश्य भयावह था। घर के फर्श पर खून के कई दाग थे। पुलिस ने मौके से एक खून से सने हुए तकिए और पास में एक धारदार हसिया भी प्राप्त की। पुलिस की नजर घर में रखे एक नीले ड्रम पर पड़ी, जिसमें खून के धब्बे थे। ड्रम खोलने पर उसके अंदर शिवराज का लाश लहुलुहान अवस्था में मिली। पड़ोसी पर हत्या का शक
अतिरिक्त
पुलिस अधीक्षक (एएसपी) शिवेश सिंह ने बताया कि मृतक की मां और बड़ी बहन ने पास में ड्राईक्लीनिंग की दुकान चलाने वाले मथुरा रजक पर संदेह जताया है। घटना के बाद से ही इस संदिग्ध मथुरा रजक के लापता होने की सूचना है। छात्र के गले पर धारदार हथियार के गहरे निशान पाए गए हैं। परिजनों के शक के आधार पर आरोपी की खोज के लिए पुलिस ने तीन विशेष दल गठित किए हैं। आरोपी की गिरफ्तारी जल्द ही की जाएगी।

error: Content is protected !!