कटनी। स्लीमनाबाद थाना क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक ट्रक चालक की खून से सनी अवस्था में मिली शव की हत्या के रहस्य को पुलिस ने सुलझा लिया है। जांच में पता चला कि चालक ने रास्ते में तीन युवाओं को लिफ्ट दी थी, जिन्होंने पहले उसके साथ बैठकर शराब का सेवन किया और फिर पैसे मांगने लगे। जब चालक ने पैसे देने से मना किया, तो आरोपियों ने उस पर हमला कर दिया और व्हील पाना से पीट-पीटकर उसकी जान ले ली।
पुलिस अधीक्षक अभिनव विश्वकर्मा के निर्देश पर और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक संतोष डेहरिया के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी सुदेश कुमार के नेतृत्व में बनाई गई टीम ने इस मामले का खुलासा किया।
हाईवे पर गाड़ी में मिला था शव
पुलिस ने बताया कि 10-11 अप्रैल की रात को डायल-112 पर सूचना मिली थी कि छपरा राष्ट्रीय राजमार्ग पर वाहन संख्या MP 20 GA 6242 में एक व्यक्ति खून में सना हुआ पड़ा है। घटनास्थल पर पहुँची पुलिस ने उसे अस्पताल पहुँचाया, जहाँ के डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मृत व्यक्ति की पहचान राकेश दाहिया (42) निवासी खितौला, सिहोरा, जबलपुर के रूप में हुई, जो पेशे से चालक था।
CCTV और तकनीकी सबूतों से हुआ खुलासा
स्लीमनाबाद थाना पुलिस ने एफएसएल टीम के साथ घटनास्थल से सबूत जुटाए, परिवार वालों और वाहन के मालिक से पूछताछ की, साथ ही विभिन्न स्थलों से CCTV फुटेज की जांच की। इस प्रक्रिया में संदिग्धों की पहचान की गई।
22 अप्रैल को एक मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने रोहित कोल (21) निवासी ग्राम बंधी को गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने कहा कि उसने अपने साथी अमन चौबे उर्फ पंकज उर्फ भूत (22) और एक अन्य साथी मनोज के साथ मिलकर हत्या को अंजाम दिया। लिफ्ट देने की कीमत जान देकर चुकाई
आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे चालक से लिफ्ट लेकर उसकी गाड़ी में बैठे थे। रास्ते में शराब पीते हुए पैसे मांगना शुरू कर दिया। जब चालक ने पैसे देने से मना किया, तब तीनों ने हाथ-मुक्कों और व्हील पाना से उस पर हमला किया, जिससे उसकी मृत्यु हुई।
हथियार और मोबाइल confiscated
पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करके घटनास्थल पर इस्तेमाल किया गया व्हील पाना और मृतक का मोबाइल फोन जब्त कर लिया है। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। तीसरे आरोपी की तलाश जारी है।
