नई दिल्ली । बीजेपी के नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री रवि शंकर प्रसाद तथा पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों पर लोकसभा में महिला आरक्षण संशोधन विधेयक का समर्थन न करने को लेकर तीखा हमला किया।
स्मृति ईरानी ने कहा कि आज हमारी राष्ट्र की महिलाओं के लिए कांग्रेस की एक प्रेस वार्ता में 98 वर्ष का दावा पेश किया गया। देश की महिलाओं को बताया गया कि कांग्रेस पार्टी ने एक ऐसा सपना तैयार किया है, जिसका उद्देश्य राजनीतिक अधिकार दिलाना है। लेकिन 98 सालों में उस उद्देश्य का क्या हुआ, यह कल देश की संसद में सभी महिलाओं ने महसूस किया। कांग्रेस पार्टी गर्व से मुस्कुराते हुए और मेज थपथपाते हुए इस बात का जश्न मना रही थी कि उन्होंने देश की आम महिलाओं की राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं को दबा दिया। परंतु भाजपा के लिए, यह सिर्फ सत्ता की लड़ाई नहीं है, बल्कि समानता के अधिकार की रक्षा करना है।
स्मृति ईरानी ने आगे कहा कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल इस बात का जश्न मना रहे थे कि जो मेहनती राजनीतिक महिलाएं इस देश में कई वर्षों से संघर्ष कर रही हैं, वे केवल 33 प्रतिशत अधिकार मांग रही हैं, उन पर कैसे अंकुश लगाया जाए, संसद में संघर्ष कैसे जीता जाए, इसी जश्न में कांग्रेस और उसके सहयोगी दल लिप्त थे। भाजपा के लिए यह सत्ता की लड़ाई नहीं, बल्कि समानता का अधिकार देने का मुद्दा है।
रविशंकर प्रसाद ने प्रियंका गांधी पर कटाक्ष किया और उनकी टिप्पणियों की आलोचना की। उन्होंने कहा कि मैं आमतौर पर प्रियंका गांधी वाड्रा के खिलाफ कुछ नहीं बोलता, लेकिन यह पहली बार है जब मैं ऐसा कर रहा हूँ। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने महिलाओं को ‘इस्तेमाल’ करने की बात की। क्या भारत की महिलाएं किसी ऐसी चीज का सामान हैं, जिनका उपयोग किया जा सकता है? यह भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की एक महिला सांसद की भाषा है। हम इस तरह की भाषा की कड़ी निंदा करते हैं।
