katni news केटरिंग की खाद्य सामग्री को प्रतियोगिता में शामिल कर जीती प्रतियोगिता, जिला शिक्षा केंद्र एवं छात्रावास अधीक्षक की मिलीभगत से शासन की मंशा को लगा पलीता

कटनी। शासन के आदेश पर छात्रावास में रहने वाली लड़कियों की कलात्मक क्षमताओं को बढ़ावा देने के लिए जो प्रतियोगिता आयोजित की गई उसमें कटनी जिला शिक्षा केंद्र ने पहाड़ी छात्रावास की अधीक्षक सीमा चौबे के सहयोग से कुछ ऐसा किया कि सभी हैरान रह गए। जिला शिक्षा केंद्र तथा पहाड़ी छात्रावास की वर्तमान अधीक्षक सीमा चौबे ने कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों और विशिष्ट जनों को गुमराह करते हुए कैटरिंग की सहायता से भोजन सामग्री मंगवा कर प्रतियोगिता में शामिल किया, जिसका स्वाद चखकर जज भी चकित रह गए और बाद में पहाड़ी छात्रावास ने उसी कैटरिंग से मंगाई गई खाद्य सामग्री के आधार पर प्रतियोगिता का पुरस्कार जीत लिया। जहां पहाड़ी छात्रावास ने कैटरिंग के खाद्य सामान के बलबूते प्रतियोगिता में भाग लिया, वहीं दूसरी ओर अन्य छात्रावासों की लड़कियाँ खुद अपने हाथों से तैयार किए गए भोजन के साथ प्रतियोगिता में आई थीं, लेकिन उन्हें इस धोखे का बिल्कुल भी अंदाजा नहीं था कि उनके साथ किस प्रकार की चालाकी की जा रही थी। पिछले दिन नगर निगम कटनी ऑडिटोरियम में अंतर छात्रवासीय सांस्कृतिक एवं व्यावसायिक कौशल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था। प्रतियोगिता के समाप्त होने के बाद ही पहाड़ी छात्रावास का प्रतिनिधित्व करने वाली कैटरिंग संचालिका ने वहां मौजूद सभी को अपने व्यवसाय का कार्ड बांटना शुरू कर दिया। कार्ड देखकर सभी लोग आश्चर्यचकित रह गए। यह कैसे संभव है कि एक व्यापारी को छात्रा बताकर कार्यक्रम में शामिल कराया गया, क्या यह अन्य छात्रावासों से आई लड़कियों के साथ धोखा नहीं था, खासकर जब विधायक संदीप जयसवाल, भाजपा जिला अध्यक्ष दीपक टंडन सोनी, जिला पंचायत के सीईओ हरमनप्रीत कौर समेत जिले के अन्य अधिकारी और विशिष्ट जन, साथ ही सभी छात्रावासों के बच्चे एवं कर्मचारी वहां मौजूद थे। इस घटना ने जिला शिक्षा केंद्र की मंशा और व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

यह था घटनाक्रम

31 जनवरी 2026 को नगर निगम कटनी ऑडिटोरियम में जिला शिक्षा केंद्र कटनी द्वारा जिला स्तरीय अंतर छात्रवासीय सांस्कृतिक एवं व्यावसायिक कौशल प्रतियोगिता तथा निपुण शिक्षकों का सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में छात्रावास की लड़कियों को अपने हाथों से बनाए गए व्यंजन प्रस्तुत करने थे। यहां विभिन्न छात्रावासों से आई लड़कियों के व्यंजनों की जांच के लिए दो जज भी नियुक्त किए गए थे। प्रतियोगिता में कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास पहाड़ी से आई प्रतिभागी अमीषा जैन को प्रथम पुरस्कार दिया गया।

चलाती है नाश्ते की दुकान

जिस अमीषा जैन को कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास पहाड़ी का नेतृत्व करते हुए प्रथम पुरस्कार मिला, वह वास्तव में जैन स्वादिष्ट नाश्ता नाम की एक व्यवसाय चला रही है। प्रतियोगिता के समापन के पश्चात इस युवती ने स्वयं अपने व्यवसाय का कार्ड वहां उपस्थित जजों और अन्य लोगों को बांटा।

बच्चियों के साथ छलावा
जिला शिक्षा केंद्र के संबंधित अधिकारियों और कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास पहाड़ी की वार्डन की मिलीभगत ने अन्य छात्रावासों से प्रगति करने आई लड़कियों के साथ बेहतरीन ठगी की। यह भी ध्यान में रखना चाहिए कि कस्तूरबा गांधी बालिका छात्रावास पहाड़ी की वर्तमान प्रभारी सीमा चौबे पर पहले गंभीर आरोप लगाए जा चुके हैं। इस मामले की औपचारिक जांच भी चल रही है, परंतु गंभीर शिकायतों के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं होना यह दर्शाता है कि उन्हें जिला शिक्षा केंद्र के अधिकारियों से सहायता प्राप्त है। जिला शिक्षा केंद्र कटनी के अन्य कारनामे भी हैं जो भविष्य में उजागर होंगे।

बच्चियों के कौशल को बढ़ावा देने के नाम पर लाखों का खर्च, प्रतियोगिता में कैटरिंग के भोजन को शामिल कर जीत हासिल करना, जिला शिक्षा केंद्र और छात्रावास की अधीक्षा की साठगांठ से शासन की इच्। शासन के आदेश के तहत छात्रावासी लड़कियों में कला कौशल बढ़ाने के लिए आयोजित प्रतियोगिता में कटनी शिक्षा केंद्र ने पहाड़ी छात्रावास की अधीक्षा सीमा चौबे के साथ मिलकर ऐसा कार्य किया जिससे सभी हैरान रह गए। जिला शिक्षा केंद्र और पहाड़ी छात्रावास की अधीक्षा सीमा चौबे ने कार्यक्रम में उपस्थित मेहमानों और गणमान्य लोगों को भटका कर कैटरिंग से भोजन सामग्री मंगवा कर प्रतियोगिता में सम्मिलित किया, जिसका स्वाद चख कर जज भी चकित रह गए और बाद में पहाड़ी छात्रावास ने इस मंगाई गई खाद्य सामग्री के आधार पर प्रतियोगिता जीत ली। दूसरे छात्रावासों की लड़कियाँ खुद भोजन तैयार करके प्रतियोगिता में भाग ले आई थीं, लेकिन उन्हें इस बात का जरा सा अंदाजा नहीं था कि उनके साथ ऐसा धोखा किया जा रहा है। हाल ही में अंतर छात्रावासीय सांस्कृतिक और व्यावसायिक कौशल प्रतियोगिता का आयोजन नगर निगम कटनी के ऑडिटोरियम में हुआ। प्रतियोगिता समाप्त होने के थोड़ी देर बाद, पहाड़ी छात्रावास का प्रतिनिधित्व कर रही कैटरिंग संचालक युवती ने वहां उपस्थित सभी को अपने व्यवसाय का कार्ड बांटना शुरू कर दिया। कार्ड देखकर सब दंग रह गए। आखिरकार एक व्यवसायी को छात्रा बताते हुए कैसे प्रतियोगिता में शामिल करवाया गया, क्या यह अन्य छात्रावास की लड़कियों के साथ धोका नहीं था, जबकि मुड़वारा विधायक संदीप जयसवाल, भाजपा जिला अध्यक्ष दीपक टंडन सोनी, जिला पंचायत सीईओ हरमनप्रीत कौर और जिले के अन्य अधिकारियों तथा अन्य छात्रावासों से आए बच्चों और कर्मचारियों की उपस्थिति में यह हुआ। इस कृत्य ने जिला शिक्षा केंद्र की नीयत और व्यवस्था पर पुनः सवाल खड़े कर दिए हैं।

katni news today स्विफ्ट कार से हो रही थी शराब तस्करी, माधवनगर पुलिस ने की कार्रवाई

कटनी। माधवनगर थाने की पुलिस ने अवैध शराब की तस्करी के खिलाफ एक बार फिर महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की है। पुलिस ने घेराबंदी करके हीरा ढाबा के पीछे से एक स्विफ्ट डिजायर वाहन को पकड़ा है, जिसमें बड़ी मात्रा में देशी मसाला शराब ले जायी जा रही थी। यह पहला मौका नहीं है जब माधव नगर पुलिस ने बड़े स्तर पर शराब तस्करी करते हुए वाहन को रोका हो, इससे पहले भी हाईवे पर शराब की खेप पकड़ी जा चुकी है, लेकिन ये शराब किसकी थी और उसका गंतव्य क्या था, यह अब तक स्पष्ट नहीं हो पाया है।

पुलिस के अनुसार, 1 फरवरी 2026 की रात करीब 08:40 बजे, पुलिस को एक मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम गुलवारा स्थित हीरा ढाबा के पीछे अवैध शराब का परिवहन हो रहा है। इस सूचना के बाद तुरंत कार्रवाई करते हुए पुलिस दल ने मौके पर छापा मारा। पुलिस ने सिल्वर ग्रे रंग की स्विफ्ट डिजायर कार, जिसका नंबर MP 21 CB 2116 है, को रोका। जांच करने पर कार के अंदर खाकी रंग के 24 कार्टून मिले। इन कार्टूनों में कुल 1200 पैक देशी मसाला शराब भरी हुई थी, जिसमें प्रत्येक पैक 180 एमएल था। जब्त की गई शराब का कुल मूल्य 1 लाख 44 हजार के आस-पास आंका गया है। इसके अतिरिक्त, स्विफ्ट डिजायर कार की कीमत लगभग 7 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस ने कार के चालक अंकुश राठौर और उनके एक साथ वाले व्यक्ति के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के अंतर्गत मामला दर्ज किया है। अब पुलिस इस बात की छानबीन कर रही है कि शराब कहाँ से आई थी और इसे कहाँ ले जाया जा रहा था।

फिर से मिली अवैध शराब की बड़ी खेप, स्विफ्ट कार के माध्यम से हो रही थी शराब की तस्करी, माधवनगर पुलिस ने की कार्रवाई
पुलिस के अनुसार 1 फरवरी 2026 की शाम लगभग 08:40 बजे, एक गुप्त सूत्र से जानकारी प्राप्त हुई कि ग्राम गुलवारा स्थित हीरा ढाबे के पीछे अवैध शराब का ढुलाई किया जा रहा है। सूचना के आधार पर, पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए स्थल पर पहुँचकर छापेमारी की। पुलिस ने एक चांदी-भूरी रंग की स्विफ्ट डिजायर कार जिसका नंबर MP 21 CB 2116 है, को रोका। जब कार की जांच की गई, तो उसमें खाकी रंग के 24 कार्टून बरामद हुए। इन कार्टूनों में कुल 1200 पाव देशी मसाला शराब भरे हुए थे, प्रत्येक पाव 180 एमएल की मात्रा में था। जब्त की गई शराब की कुल कीमत 1 लाख 44 हजार रुपये बताई जा रही है। इसके अतिरिक्त, स्विफ्ट डिजायर कार का मूल्य लगभग 7 लाख रुपये आंका गया है। पुलिस ने चालक अंकुश राठौर और उसके एक साथ के खिलाफ आबकारी अधिनियम की धारा 34(2) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस इस बात की भी छानबीन कर रही है कि शराब का स्रोत क्या था और इसे कौन सा स्थान पर पहुँचाने की योजना थी।

katni news today केंद्रीय बजट 2026 पर कटनी के जनप्रतिनिधियों की मिली-जुली प्रतिक्रिया

1 फरवरी 2026 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश किए गए केंद्रीय बजट पर कटनी जिले के जनप्रतिनिधियों तथा राजनीतिक दलों ने अपनी प्रतिक्रियाएँ दी हैं। भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने इस बजट को “विकसित भारत 2047” के लिए एक महत्वपूर्ण कदम बताया, जबकि कांग्रेस के सदस्यों ने इसे आम जनता के खिलाफ और कॉरपोरेट समर्थक कहा है। युवा कांग्रेस के प्रदेश सचिव दिव्यांशु मिश्रा ने बजट पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि “यह बजट एक खाली झुनझुने की तरह है, जिसमें न तो कोई आवाज़ है और न ही प्रभाव। शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसे आवश्यक क्षेत्रों की अनदेखी करते हुए सरकार ने कॉरपोरेट के स्वार्थों को प्राथमिकता दी है। गांव, किसान और खेती इस बजट में कहीं नजर नहीं आते। यह केवल गलती नहीं, बल्कि एक राजनीतिक बयान है।” इसी क्रम में जिला कांग्रेस कमेटी शहर अध्यक्ष एड. अमित शुक्ला ने इसे जनविरोधी, युवा-विरोधी और गरीब-विरोधी बताते हुए कहा कि देश के युवा बेरोजगारी से जूझ रहे हैं, लेकिन बजट में रोजगार सृजन के लिए कोई स्पष्ट योजना नहीं दी गई है। गैस सिलेंडर की कीमत ₹1150 तक पहुँच चुकी है, और पेट्रोल-डीजल की कीमतें बढ़ती जा रही हैं, जिससे महंगाई बेकाबू हो गई है। यह बजट आम नागरिकों के हित में नहीं, बल्कि कुछ बड़े पूंजीपतियों के लिए तैयार किया गया है। उन्होंने सरकार से महंगाई को नियंत्रित करने, ईंधन और गैस की कीमतें घटाने और शिक्षा-स्वास्थ्य-रोजगार के लिए विशेष पैकेज की मांग की। प्रदेश उपाध्यक्ष, मप्र कांग्रेस आईटी सेल शशांक गुप्ता ने कहा कि “यह बजट अज्ञात लोगों को लाभ पहुँचाने वाला है। देश केवल आंकड़ों द्वारा नहीं, बल्कि जनता के भरोसे से चलता है। बढ़ती महंगाई और घटते रोजगार के बीच यह बजट आम जनता को कोई सहारा नहीं देता, इसलिए इसे निराशाजनक कहा जा सकता है।” वरिष्ठ अधिवक्ता और नगर निगम के वरिष्ठ पार्षद मिथलेश जैन ने भी बजट को आंकड़ों की चालबाज़ी बताते हुए कहा कि युवाओं, किसानों, महिलाओं और व्यापारियों के लिए कोई ठोस उपाय नहीं किए गए हैं। आयकर में राहत नहीं देकर मध्यम वर्ग की अनदेखी हुई है। यह बजट वास्तविकता से दूर एक दिखावटी दस्तावेज है। दूसरी ओर, भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने बजट का स्वागत किया है। विजयराघवगढ़ विधायक संजय पाठक ने कहा कि केंद्रीय बजट आत्मनिर्भर भारत को प्रोत्साहित करने वाला है, जिसमें गरीब, महिलाएँ, किसान और युवा पर ध्यान दिया गया है। ‘सबका साथ–सबका विकास’ की झलक इस बजट में स्पष्ट दिखाई पड़ती है। भाजपा के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष और खजुराहो सांसद विष्णुदत्त शर्मा ने इसे ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह बजट 2047 के विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने की दिशा में एक मजबूत आधार रखता है। कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य, अधोसंरचना और रोजगार से संबंधित उपाय देश के भविष्य का स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत करते हैं। महिलाओं के सशक्तिकरण और युवाओं के लिए कौशल विकास आत्मनिर्भर भारत को और अधिक मजबूत बनाएगा। उन्होंने लगातार तीसरी बार बजट पेश करने पर वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को बधाई दी। कटनी की महापौर प्रीति संजीव सूरी ने बजट को आम जनता को राहत देने वाला कहा, यह बजट सभी वर्गों को ध्यान में रखते हुए प्रस्तुत किया गया है और इससे सामान्य लोगों को सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है। कुल मिलाकर, केंद्रीय बजट 2026 पर कटनी में राजनीतिक मतभेद स्पष्ट हैं—जहां भाजपा इसे विकास और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक बड़ा कदम मानती है, वहीं कांग्रेस इसे आम जनता की अपेक्षाओं से कोसों दूर बताती है।

katni news today थाने की खानापूर्ति के बाद भी बिना लाइसेंस परोसी जा रही शराब

कोतवाली थाना क्षेत्र में बस स्टैंड पुलिस चौकी के पास पोसरा ग्राम पंचायत में सरकारी स्कूल, पोरसा के सामने लंबे समय से अवैध शराब बिक्री और पेकारी के संचालन की शिकायतें आ रही हैं। स्थानीय समुदाय का आरोप है कि यहां शराब आसानी से बेची जा रही है, जैसे कि यह किसी तरह की वैध शराब दुकान हो।

ग्रामीणों ने बताया कि दिन और देर शाम के समय यहां शराब के प्रेमियों की भारी भीड़ जमा रहती है, जिससे विद्यार्थियों और आस-पास के निवासियों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। स्कूल के सामने शराब की बिक्री के कारण बच्चों पर नकारात्मक प्रभाव पड़ने की भी आशंका जताई जा रही है।

क्षेत्र के निवासियों का सवाल है कि इतनी अवधि से चले आ रहे इस अवैध धंधे के बारे में कोतवाली पुलिस और आबकारी विभाग को जानकारी क्यों नहीं है? या फिर क्या केवल कार्रवाई के नाम पर औपचारिकताएं ही पूरी की जा रही हैं? लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि इस अवैध शराब व्यापार के खिलाफ तुरंत कड़ा कदम उठाया जाए।

ग्रामीणों का कहना है कि अवैध शराब व्यापार से गांव-गांव तक शराब पहुंचाई जा रही है, जिससे क्षेत्र में नशे की प्रवृत्ति तेजी से बढ़ रही है। अब देखना यह है कि संबंधित विभाग इस समस्या के समाधान के लिए कब ठोस कदम उठाता है।

इस मामले में जब बस स्टैंड पुलिस चौकी से बात की गई, तो उन्होंने बताया कि पेकारी को

katni news today साइबर ठगी का नया मामला: एटीएम से पैसा निकालने आए रेल कर्मचारी के खाते से उड़े 87 हजार

प्राप्त विवरण के अनुसार, सुशील हल्दकार, जो डीजल शेड कटनी में कार्यरत रेलकर्मी हैं, एटीएम से धन निकालने के लिए गए थे। इस दौरान उनके मोबाइल फोन पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को उनका रिश्तेदार बताते हुए कहा कि उनके व्हाट्सएप पर एक लिंक भेजा गया है, जिसे “ओके” करने की आवश्यकता है।
जैसे ही रेलकर्मी ने उस लिंक को “ओके” किया, कुछ ही क्षणों में उनके बैंक खाते से 87,000 रुपये की राशि निकल गई। खाते से पैसे कटते ही उन्हें धोखाधड़ी का आभास हुआ।
पीड़ित ने तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर अपनी शिकायत दर्ज कराई और फिर स्लीमनाबाद पुलिस थाने में सूचना दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए स्लीमनाबाद थाना प्रभारी ने तुरंत साइबर सेल से संपर्क किया और पीड़ित को साइबर क्राइम पोर्टल पर आवेदन करने का सुझाव दिया।
वर्तमान में पुलिस और साइबर क्राइम विभाग मामले की छानबीन कर रहे हैं। अब यह महत्वपूर्ण होगा कि साइबर धोखाधड़ी करने वाले आरोपी पुलिस की पकड़ में आते हैं या रेलकर्मी को अपनी मेहनत की कमाई से वंचित रहना पड़ेगा।

satna news बिना अनुमति चल रही थी दूध फैक्ट्री सतना में फूड सेफ्टी की बड़ी कार्रवाई

शहर में बिना अनुमति और लाइसेंस के खुलेआम दूध की पैकेजिंग से लोगों की सेहत को खतरा पहुँचाया जा रहा था। शुक्रवार को खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा की गई एक छापेमारी ने इस गंभीर स्थिति को उजागर किया।

लालता चौक पर स्थित विजय डेयरी फार्म में जांच के दौरान यह पाया गया कि दूध को बिना किसी वैध प्रमाण पत्र के पैक कर बेचा जा रहा था। सबसे चौंकाने वाली बात यह थी कि जिस स्थल पर दूध की पैकेजिंग की जा रही थी, वहां स्वच्छता की स्थिति अत्यंत खराब थी।

खाद्य सुरक्षा टीम ने मौके से 75 पैकेट दूध जब्त कर पैकेजिंग मशीन को सील कर दिया। दूध, पनीर, खोआ और घी सहित छह विभिन्न खाद्य पदार्थों के नमूने विश्लेषण के लिए भेजे गए हैं।

इसी जांच अभियान में गौशाला चौक पर मौजूद ज्ञान डेयरी में भी दस्तावेजों की कमी पाई गई, जहां संचालक कोई वैध रिकॉर्ड नहीं दिखा सका।

यह सवाल उठा है कि यदि बिना लाइसेंस और निगरानी के वर्षों से दूध की पैकेजिंग जारी थी, तो जिम्मेदार विभाग अब तक क्या कर रहा था? वर्तमान में विभाग ने नोटिस जारी कर मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि सतना के लोग अब तक किस प्रकार का दूध पीने को बाध्य थे।

jabalpur news today माढ़ोताल के ग्रीन सिटी में चल रहे देह व्यापार छापा, महिला टीआई सहित पुलिस की टीम ने मारा छापा

जबलपुर। माढ़ोताल थाने की पुलिस ने ग्रीन सिटी स्थित एक निवास पर छापेमारी कर दो महिलाएं पकड़ी हैं, जिनमें से एक विदेशी नागरिक है। हालांकि, मुख्य आरोपी पुलिस की नजरों से बचकर भागने में सफल रहा। पुलिस को एक गुप्तसूत्र से सूचना मिली थी कि बाबा टोला (हनुमानताल) निवासी शिवा चौधरी विदेशी महिलाओं को ग्रीन सिटी के एक घर में बुलाकर अनुचित गतिविधियों को अंजाम दे रहा है। सूचना की गम्भीरता को ध्यान में रखते हुए, माढ़ोताल थाने की पुलिस ने तुरंत एक विशेष टीम का गठन किया और बताई गई जगह पर अचानक छापेमारी की।

सीएसपी आशीष जैन को एक गुप्तसूत्र ने सूचित किया था कि ग्रीन सिटी के एक घर में जहां कुछ व्यक्तियों ने किराया लिया है, वहां कुछ अनैतिक गतिविधियां हो रही हैं और कई लोग आपत्तिजनक कार्यों के लिए वहां आते हैं। हर बार वहां आने वाले लोग किसी न किसी महिला या लड़की को अपने साथ लाते हैं।

एसपी संपत उपाध्याय के निर्देश पर सीएसपी आशीष जैन और महिला थानाअधिकारी पूर्वा चौरसिया की टीम ने मौके पर कार्रवाई करते हुए उज्बेकिस्तान की महिला को गिरफ्तार किया। पूछताछ के दौरान महिला ने बताया कि उसे दिल्ली के रास्ते हवाई मार्ग से या कभी-कभी ट्रेन से जबलपुर लाया गया था। महिला ने कहा कि 2011 में उसकी शादी हुई थी। पति की मृत्यु के बाद वह इस धंधे में शामिल हो गई।

महिला के अनुसार, 2023 में पति की मौत के बाद वह मुंबई आ गई और वहां दूसरी शादी की। इसी दौरान उसे दिल्ली के रहने वाली प्रिया कौर से सोशल मीडिया पर मित्रता हुई। महिला ने बताया कि कुछ दिन पहले उसकी दोस्ती शिव चौधरी और उसकी पत्नी सुषमा चौधरी से हुई, जिसके बाद उसे ट्रेन से शुक्रवार को जबलपुर बुलाया गया।

पूछताछ के दौरान महिला ने कहा कि जब शिव चौधरी से दोस्ती हुई, तब उसने उसे देह व्यापार में अच्छी रकम कमाने का आश्वासन दिया और जबलपुर बुलाया। पुलिस ने विदेशी महिला के साथ सुषमा चौधरी को भी हिरासत में लिया है, हालांकि उसका पति शिव चौधरी, जिसने ग्रीन सिटी में 15 दिन पहले ही मकान किराए पर लिया था, फरार है।छापेमारी के समय, पुलिस ने स्थान से मुख्य संदिग्ध शिवा चौधरी की पत्नी और एक विदेशी महिला को गिरफ्तार किया। सीएसपी आशीष जैन ने जानकारी दी कि पूछताछ के दौरान यह पता चला कि इस आवास में काफी समय से वेश्यावृत्ति का अवैध धंधा संचालित हो रहा था। पुलिस की कार्रवाई के दौरान मुख्य आरोपी शिवा चौधरी मौके का फायदा उठाकर भाग निकला। पुलिस ने उसके खिलाफ मामला दर्ज किया है और संभावित ठिकानों पर छापे मारे जा रहे हैं। अधिकारियों का कहना है कि जल्दी ही उसे भी जेल भेज दिया जाएगा।

katni news अमकुही पहाड़ी में 15 वर्षीय बालिका से दिनदहाड़े गैंगरेप, खंडहरना मकान में आरोपियों ने रातभर बंधक बनाकर रखा, करते रहे दरिंदगी, किसी तरह बच कर भागी, पुलिस के हांथ खाली

अमकुही पहाड़ी में 15 वर्षीय किशोरी के साथ दिन में एक गैंगरेप की घटना हुई, जिसमें आरोपियों ने उसे एक खंडहर में रातभर बंधक बनाकर रखा और अत्याचार करते रहे। किसी तरह वह आरोपी के चंगुल से बचकर भागी और पुलिस को घटना की जानकारी दी, लेकिन पुलिस के हाथ खाली रहे।

कटनी। कटनी जिले के शहरी इलाके के अमकुही पहाड़ी पर एक नाबालिग लड़की के साथ दो व्यक्तियों ने daylight में एक घृणित गैंगरेप की घटना को अंजाम दिया। आरोपियों ने उस लड़की को एक ध्वस्त मकान में रातभर कैद कर रखा और उसके साथ अमानवीयता करते रहे। किसी प्रकार वह आरोपी से मुक्त होकर पुलिस के पास पहुंची और अपने साथ हुई घटना के बारे में बताया। यह घटना 26 जनवरी, गणतंत्र दिवस पर हुई थी, जो अब सामने आई है। पुलिस ने अज्ञात दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।

जानकारी के अनुसार, रंगनाथनगर थाना क्षेत्र से एक 15 वर्षीय नाबालिग लड़की अपनी 22 वर्षीय मौसी और मोहल्ले के दो और किशोरों के साथ माधवनगर थाना क्षेत्र स्थित अमकुही की पहाड़ी पर घूमने गई थी। तभी एक युवक ने उसके साथ अभद्रता करने की कोशिश की। इसी समय दो अन्य युवक वहां पहुंचे और नाबालिग से झगड़ा कर दिया। इस झगड़े को देख लड़की की मौसी और बाकी दो किशोर वहां से भाग गए, जिससे किशोरी अकेली रह गई और उसके लिए खतरा बढ़ गया।

जब देर शाम तक लड़की घर नहीं आई, तो उसके परिवार वालों ने रंगनाथनगर थाना में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने नाबालिग लड़कों से पूछताछ की, जिससे इस पूरे मामले का खुलासा हुआ। इसके बाद रंगनाथनगर और माधवनगर की पुलिस टीम अमकुही में रातभर खोजबीन करती रही, लेकिन लड़की नहीं मिली।

बताया गया कि आरोपियों ने अकेली पड़ी लड़की को खंडहर में ले जाकर एक आरोपी ने उसके साथ बलात्कार किया, जबकि दूसरा बाहर खड़ा होकर देख रहा था। दिन की रोशनी और गणतंत्र दिवस के बावजूद यह गंभीर घटना हुई, जिसने कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।

रातभर की तलाश के बाद सुबह लगभग 5 बजे, नाबालिग लड़की ने खुद को आरोपी के बंधनों से मुक्त करके पहाड़ी पर खड़ी पुलिस के पास पहुंची। उसे सुरक्षित घर भेजा गया और मेडिकल जांच के लिए अस्पताल ले जाया गया। पुलिस ने अज्ञात दोनों आरोपियों के खिलाफ गैंगरेप का मामला दर्ज किया है।

इस घटना ने शहर की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए हैं। आखिरकार निर्जन स्थान पर निर्भया की पेट्रोलिंग का सिस्टम क्यों काम नहीं करता। ऐसे क्षेत्रों में घूमने वाले शख्सों से पूछताछ या गिरफ्तारियां क्यों नहीं की जातीं? क्या महिला सुरक्षा के लिए बनाए गए बल का केवल कागजी प्रदर्शन है? अगर अब चेतना नहीं मिली, तो ऐसी और घटनाएं होती रहेंगी।

इनका कहना है
इस क्रम में पुलिस अधीक्षक अभिनय विश्वकर्मा ने बताया कि अमकुही पहाड़ी पर घटित घटना में संलिप्त आरोपियों की पहचान करने का कार्य चल रहा है। कुछ संदिग्ध व्यक्तियों को पुलिस ने अपनी हिरासत में लिया है। आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जाएगा।

katni news today  33 केवी लाइन की चपेट में आया मजदूर, MPB की लापरवाही से बड़ा हादसा:

आज दिनांक 31 जनवरी 2026 को विश्राम बाबा में सुधार न्यास कॉलोनी मोड़ पर एक गंभीर दुर्घटना हुई। यहां मौजूद 33 केवी हाईटेंशन लाइन (एमपीबी) की शिफ्टिंग के लिए पहले ही टेंडर प्रक्रिया संपन्न की जा चुकी है, फिर भी ठेकेदार और एमपीबी की लापरवाही के कारण काम अभी तक पूरा नहीं हुआ है।

इस लापरवाही का परिणाम आज एक श्रमिक को करंट लगने के रूप में भुगतना पड़ा। करंट लगने से श्रमिक तुरंत जमीन पर गिर पड़ा, जिससे उसे गंभीर चोटें आईं। इस घटना के बाद इलाके में अफरातफरी मच गई।

स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह 33 केवी की लाइन एक घनी आबादी वाले क्षेत्र से गुज़रती है, जहां अनेक परिवार और आवासीय इमारतें उपस्थित हैं। पहले की भी कई बार संभावित खतरों के बारे में शिकायतें की जा चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।

घटना के बाद, क्षेत्र के निवासियों ने लाइन को तुरंत शिफ्ट करने की अपील की है और प्रशासन तथा एमपीबी से अनुरोध किया है कि इस लाइन को कॉलोनी क्षेत्र से हटा दिया जाए, ताकि किसी बड़े हादसे से पहले निपटारा किया जा सके।

👉 यह सवाल उठता है कि क्या इस दुर्घटना के पश्चात संबंधित विभाग सचेत होगा? या फिर किसी अन्य जान की हानि का इंतजार किया जाएगा?

जबलपुर के यश हाइट अपार्टमेंट में संदिग्ध हालत मैं मिला मेडिकल कॉलेज के स्टूडेंट की लाश

जबलपुर के नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज के एक 29 वर्षीय छात्र की संदिग्ध परिस्थितियों में यश हाइट अपार्टमेंट की चौथी मंजिल से गिरने के कारण मृत्यु हो गई है। घटना का पता चलते ही पुलिस ने मौके पर पहुंचकर पंचनामा कार्रवाई की, और शव को पोस्टमार्टम के लिए मेडिकल अस्पताल भेजते हुए मामले की जांच आरंभ कर दी है। पुलिस से प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान 19 वर्षीय भानु मोहर के रूप में हुई है, जो मध्य प्रदेश के दतिया जिले का निवासी है और नेताजी सुभाष चंद्र बोस मेडिकल कॉलेज में शिक्षा प्राप्त कर रहा था। वर्तमान में घटनास्थल पर पहुंची पुलिस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।

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